Divyang Pension Increase in UP: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिव्यांगजनों को मिलने वाली पेंशन राशि में जल्द बढ़ोतरी करने की घोषणा की है। गोरखपुर में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार ने दिव्यांग पेंशन को पहले ₹300 से बढ़ाकर ₹500 और बाद में ₹1,000 प्रतिमाह किया था। अब सरकार इसमें एक बार फिर बढ़ोतरी करने जा रही है।
हालांकि मुख्यमंत्री ने अपने ताजा संबोधन में यह स्पष्ट नहीं किया कि नई पेंशन राशि कितनी होगी और बढ़ी हुई राशि किस तारीख से लाभार्थियों के खातों में आएगी।
उत्तर प्रदेश सरकार के वित्तीय वर्ष 2026-27 के आधिकारिक बजट के मुताबिक फिलहाल 11 लाख से अधिक दिव्यांगजन को ₹1,000 प्रतिमाह पेंशन दी जा रही है। दिव्यांग पेंशन योजना के लिए ₹1,470 करोड़ का बजटीय प्रावधान किया गया है।
Divyang Pension Increase in UP: ₹300 से ₹1,000 तक पहुंची पेंशन
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पेंशन के पिछले बदलावों का जिक्र करते हुए कहा कि 2017 से पहले दिव्यांग पेंशन ₹300 प्रतिमाह थी।
राज्य सरकार ने इसे पहले बढ़ाकर ₹500 और बाद में ₹1,000 प्रतिमाह किया। उत्तर प्रदेश के आधिकारिक बजट दस्तावेज में भी मौजूदा दिव्यांग पेंशन ₹1,000 प्रतिमाह दर्ज है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार अब इसमें एक और बढ़ोतरी करने की तैयारी में है।
इससे पहले फरवरी 2026 में भी योगी सरकार ने सामाजिक सुरक्षा पेंशन बढ़ाने के संकेत दिए थे। प्रदेश के दिव्यांगजन सशक्तीकरण मंत्री नरेंद्र कश्यप ने उस समय कहा था कि दिव्यांग पेंशन ₹1,000 से बढ़ाकर ₹1,500 प्रतिमाह किए जाने की तैयारी है।
हालांकि ताजा घोषणा में मुख्यमंत्री ने ₹1,500 की राशि नहीं दोहराई है। इसलिए अंतिम नई दर सरकार के औपचारिक आदेश या शासनादेश के बाद ही निश्चित मानी जाएगी।
Divyang Pension Increase in UP: 11 लाख से ज्यादा दिव्यांगजनों को मिल रही पेंशन
Divyang Pension Increase in UP का सीधा असर प्रदेश के लाखों लाभार्थियों पर पड़ेगा।
2026-27 के उत्तर प्रदेश बजट के मुताबिक दिव्यांग पेंशन योजना के तहत 11 लाख से अधिक लोगों को ₹1,000 प्रतिमाह सहायता दी जा रही है।
दिव्यांगजन कल्याण से जुड़ी विभिन्न योजनाओं के लिए बजट में कुल ₹2,140 करोड़ का प्रावधान किया गया है, जो पिछले वित्तीय वर्ष की तुलना में करीब 8 प्रतिशत अधिक है। अकेले दिव्यांग पेंशन योजना के लिए ₹1,470 करोड़ निर्धारित किए गए हैं।
इसके अलावा सरकार सहायक उपकरण, पुनर्वास, शिक्षा और अन्य योजनाओं पर भी काम कर रही है।
Divyang Pension Increase in UP: ‘दिव्यांग’ शब्द को लेकर क्या बोले CM योगी?
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2015 के ‘मन की बात’ कार्यक्रम का भी जिक्र किया।
उन्होंने कहा कि दिव्यांग शब्द सिर्फ नाम बदलने का विषय नहीं है, बल्कि यह समाज के दृष्टिकोण में बदलाव का प्रतीक है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 27 दिसंबर 2015 को ‘मन की बात’ कार्यक्रम में ‘विकलांग’ के स्थान पर ‘दिव्यांग’ शब्द का इस्तेमाल करने की अपील की थी। उन्होंने कहा था कि शारीरिक अक्षमता के बावजूद ऐसे लोगों में कई विशेष क्षमताएं देखने को मिलती हैं।
मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग शिक्षा, रोजगार, सहायता और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं पर काम कर रहा है।
Divyang Pension Increase in UP: सरकारी नौकरियों और सम्मान का भी किया जिक्र
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार दिव्यांगजनों के अधिकार, सम्मान और आत्मनिर्भरता के लिए काम कर रही है।
उन्होंने सरकारी नौकरियों में अवसर, पेंशन, सहायक उपकरण और अन्य कल्याणकारी योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार का उद्देश्य दिव्यांगजनों को समाज की मुख्यधारा से जोड़ना है।
प्रदेश सरकार ने 2026-27 के बजट में दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के लिए ₹2,140 करोड़ रखे हैं। इसके अलावा 18 मंडलीय जिलों में विशेष जरूरत वाले बच्चों के लिए बचपन डे-केयर सेंटर संचालित किए जाने का भी उल्लेख बजट में है।
Divyang Pension Increase in UP: गोरखनाथ मंदिर में आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे थे योगी
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गोरखपुर स्थित गोरखनाथ मंदिर में ब्रह्मलीन महंत दिग्विजयनाथ की 57वीं और महंत अवैद्यनाथ की 12वीं पुण्यतिथि के अवसर पर आयोजित सात दिवसीय श्रद्धांजलि कार्यक्रम में शामिल हुए।
गोरखनाथ मंदिर में यह कार्यक्रम 24 से 30 सितंबर तक आयोजित किया गया।
मुख्यमंत्री ने इस दौरान महंत दिग्विजयनाथ और महंत अवैद्यनाथ के सामाजिक एवं धार्मिक कार्यों का उल्लेख किया और सामाजिक समरसता तथा संगठन पर अपने विचार रखे।
Divyang Pension Increase in UP: सामाजिक समता और सहभोज का किया उल्लेख
योगी आदित्यनाथ ने महंत अवैद्यनाथ के कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने समाज में सामाजिक समता बढ़ाने के लिए सहभोज जैसे कार्यक्रमों को अभियान का हिस्सा बनाया था।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दोनों महंतों ने अपने समय में समाज को संगठित करने और अपनी धार्मिक-सामाजिक विचारधारा को आगे बढ़ाने के लिए काम किया।
ये टिप्पणियां मुख्यमंत्री की ओर से कार्यक्रम में महंत दिग्विजयनाथ और महंत अवैद्यनाथ के योगदान के संदर्भ में की गईं।
Divyang Pension Increase in UP: राम जन्मभूमि आंदोलन का भी किया जिक्र
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने राम जन्मभूमि आंदोलन में गोरक्षपीठ की भूमिका पर भी बात की।
उन्होंने महंत दिग्विजयनाथ और महंत अवैद्यनाथ के जुड़ाव का उल्लेख करते हुए इसे गोरक्षपीठ की गुरु परंपरा का हिस्सा बताया। ये मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा कार्यक्रम में प्रस्तुत ऐतिहासिक और धार्मिक दृष्टिकोण थे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि गोरक्षपीठ भविष्य में भी सामाजिक और धार्मिक विषयों पर अपनी परंपरा को आगे बढ़ाती रहेगी।
Divyang Pension Increase in UP: अब किस आदेश का इंतजार?
Divyang Pension Increase in UP की घोषणा के बाद अब सबसे अहम सवाल नई राशि और उसके लागू होने की तारीख का है।
फिलहाल आधिकारिक बजट दस्तावेज में दिव्यांग पेंशन ₹1,000 प्रतिमाह है। फरवरी में ₹1,500 प्रतिमाह किए जाने की तैयारी की बात सामने आ चुकी है, लेकिन मुख्यमंत्री के ताजा भाषण में नई राशि का स्पष्ट उल्लेख नहीं हुआ।
ऐसे में लाभार्थियों को नई पेंशन दर के संबंध में उत्तर प्रदेश सरकार या दिव्यांगजन सशक्तीकरण विभाग के औपचारिक शासनादेश का इंतजार करना होगा।
नई दर लागू होने पर उत्तर प्रदेश के 11 लाख से अधिक मौजूदा दिव्यांग पेंशन लाभार्थियों को इसका सीधा फायदा मिल सकता है।

