Ladli Behna Yojana 42nd Installment: मध्य प्रदेश की महिलाओं के लिए लाड़ली बहना योजना को लेकर एक बार फिर चर्चा तेज हो गई है। दिवाली के त्योहार से पहले प्रदेश की करीब 1.25 करोड़ लाभार्थी महिलाओं की नजर मुख्यमंत्री मोहन यादव सरकार के अगले फैसले पर टिकी है। माना जा रहा है कि सरकार इस बार योजना की 42वीं किस्त निर्धारित तारीख से पहले महिलाओं के बैंक खातों में ट्रांसफर कर सकती है। वहीं, सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या दिवाली और भाई दूज के मौके पर महिलाओं को 1500 रुपये की जगह 3000 रुपये की सौगात मिलेगी? मुख्यमंत्री मोहन यादव पहले भी योजना की मासिक सहायता राशि को धीरे-धीरे 3000 रुपये तक पहुंचाने की बात कह चुके हैं। हालांकि, 42वीं किस्त में 3000 रुपये दिए जाने को लेकर सरकार की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है।
Ladli Behna Yojana 42nd Installment: कब आएगी 42वीं किस्त?
मध्य प्रदेश में लाड़ली बहना योजना की लाभार्थी महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता दी जाती है। सामान्य तौर पर सरकार महीने की 10 से 15 तारीख के बीच डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के जरिए यह राशि महिलाओं के बैंक खातों में भेजती है।
इस बार दिवाली के त्योहार को देखते हुए 42वीं किस्त जल्दी जारी होने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि, किस्त ट्रांसफर करने की तारीख को लेकर अभी आधिकारिक पुष्टि का इंतजार है।
योजना से जुड़ी करीब 1.25 करोड़ महिलाओं को उम्मीद है कि त्योहार से पहले उनके खातों में सहायता राशि पहुंच जाएगी। यदि सरकार किस्त की तारीख में बदलाव करती है तो महिलाओं को इसका फायदा मिल सकता है।
क्या दिवाली पर मिलेंगे 3000 रुपये?
लाड़ली बहना योजना को लेकर महिलाओं के बीच सबसे ज्यादा चर्चा 3000 रुपये की मासिक सहायता को लेकर है। फिलहाल पात्र महिलाओं को हर महीने 1500 रुपये मिल रहे हैं। मुख्यमंत्री मोहन यादव कई मौकों पर इस राशि को बढ़ाकर 3000 रुपये तक पहुंचाने की बात कह चुके हैं।
सरकार ने भी वर्ष 2028 तक सहायता राशि को धीरे-धीरे बढ़ाकर 3000 रुपये करने की प्रतिबद्धता जताई है। इसी वजह से महिलाओं को उम्मीद है कि दिवाली या भाई दूज के अवसर पर सरकार कोई बड़ी घोषणा कर सकती है।
हालांकि, 42वीं किस्त के साथ ही सहायता राशि दोगुनी होकर 3000 रुपये मिलने की अभी पुष्टि नहीं हुई है। ऐसे में लाभार्थियों को सरकार की आधिकारिक घोषणा का इंतजार करना होगा।
अभी हर महीने मिल रहे हैं 1500 रुपये
लाड़ली बहना योजना के तहत वर्तमान में पात्र महिलाओं के बैंक खातों में हर महीने 1500 रुपये ट्रांसफर किए जा रहे हैं। पिछली यानी 41वीं किस्त में भी लाभार्थियों को 1500-1500 रुपये दिए गए थे।
योजना की शुरुआत मार्च 2023 में हुई थी। शुरुआत में महिलाओं को हर महीने 1000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती थी। इसके बाद सरकार ने समय-समय पर राशि में बढ़ोतरी की।
साल 2025 में दिवाली के बाद मासिक सहायता को बढ़ाकर 1500 रुपये किया गया था। अब महिलाओं को अगली बढ़ोतरी का इंतजार है।
रक्षाबंधन पर भी मिला था अतिरिक्त तोहफा
लाड़ली बहना योजना के तहत मध्य प्रदेश सरकार पहले भी त्योहारों पर अतिरिक्त आर्थिक सहायता दे चुकी है। साल 2025-26 में रक्षाबंधन के अवसर पर मुख्यमंत्री मोहन यादव ने लाभार्थी महिलाओं के लिए 250 रुपये की अतिरिक्त राशि देने की घोषणा की थी।
यह राशि महिलाओं को रक्षाबंधन के तोहफे के रूप में दी गई थी। इसके बाद दिवाली के बाद मासिक सहायता राशि को बढ़ाकर 1500 रुपये कर दिया गया।
इसी पुराने अनुभव के चलते इस बार भी महिलाओं को दिवाली और भाई दूज पर किसी अतिरिक्त सौगात की उम्मीद है। हालांकि, इस बार अतिरिक्त राशि या 3000 रुपये देने को लेकर कोई आधिकारिक निर्णय सामने नहीं आया है।
इंदौर में 19,654 महिलाएं योजना से हुईं बाहर
एक तरफ जहां महिलाएं अगली किस्त का इंतजार कर रही हैं, वहीं दूसरी तरफ योजना से अपात्र लाभार्थियों के नाम हटाए जाने की प्रक्रिया भी जारी है।
इंदौर में अब तक 19,654 महिलाओं को योजना से बाहर किया जा चुका है। इनमें बड़ी संख्या उन महिलाओं की है, जिन्होंने 60 वर्ष की आयु पूरी कर ली है।
आंकड़ों के अनुसार, पिछले साढ़े तीन साल में 14,151 महिलाएं केवल उम्र की निर्धारित सीमा पूरी होने के कारण योजना से बाहर हुई हैं। वर्ष 2024 में इस वजह से 4,040 महिलाएं योजना से बाहर हुई थीं, जबकि 2026 में यह संख्या बढ़कर 5,150 हो गई।
इससे स्पष्ट है कि योजना के लाभार्थियों की पात्रता की समीक्षा भी लगातार की जा रही है।
कब शुरू हुई थी लाड़ली बहना योजना?
मध्य प्रदेश में महिलाओं को आर्थिक रूप से मजबूत और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से लाड़ली बहना योजना शुरू की गई थी। तत्कालीन मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने नर्मदा जयंती के अवसर पर इसकी घोषणा की थी। इसके बाद 5 मार्च 2023 को योजना को आधिकारिक रूप से लॉन्च किया गया।
योजना के तहत पात्र महिलाओं को हर महीने आर्थिक सहायता दी जाती है, जिससे वे अपनी जरूरतों और घरेलू खर्चों को पूरा कर सकें।
अब योजना की 42वीं किस्त को लेकर महिलाओं की निगाहें मुख्यमंत्री मोहन यादव सरकार पर हैं। सबसे बड़ा सवाल यही है कि क्या इस दिवाली लाड़ली बहनों के खाते में 1500 रुपये आएंगे या सरकार 3000 रुपये की मासिक सहायता को लेकर कोई नई घोषणा करेगी। फिलहाल 3000 रुपये की किस्त को लेकर आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

